भोपाल। मध्य प्रदेश का सीधी जिला पेशाब कांड के चलते इन दिनों सुर्खियों में है। घटना का वीडियो वायरल होने के बाद आरोपी की गिरफ्तारी और सीएम शिवराज द्वारा पीड़ित का सम्मान भी हो चुका है। सीएम शिवराज ने पीड़ित दशमत रावत से मुलाकात की। उनके पैर धोए और फिर वृक्षारोपण कर साथ में खाना भी खाया। इधर आरोपी प्रवेश शुक्ला की पत्नी बेघर होने के बाद गैस चुल्हा लेकर पेड़ के नीचे बैठी हुई है। पत्नी का कहना है कि उनका परिवार दो दिनों से भूखा है।
सीधी के शर्मनाक कांड के बाद मुख्यमंत्री शिवराज के आदेश पर आरोपी प्रवेश शुक्ला के घर पर प्रशासन ने बुलडोजर चला दिया है। मकान का काफी हिस्सा जमींदोज कर दिया गया। घर की तोड़ फोड़ के बाद प्रवेश शुक्ला के परिजन अब बेघर हो गए हैं। आरोपी प्रवेश की पत्नी अपने छोटे-छोटे बच्चों और अन्य परिजनों के साथ घर के बाहर गैस सिलेंडर रखकर बैठ गई है। पेशाब कांड के आरोपी प्रवेश के परिजनों का कहना है कि उनके पास खाने को भी कुछ नहीं है। उनका कहना है कि उनके साथ बहुत बड़ा अन्याय किया गया है।
मालूम हो कि पेशाब कांड का वो शर्मनाक वीडियो जैसे ही सोशल मीडिया में वायरल हुआ, वैसे ही कांग्रेस पार्टी प्रवेश के राजनीतिक कनेक्शन के चलते और मुखर होकर हमलावर हो गई थी। ऐसे में मुख्यमंत्री शिवराज ने आरोपी के खिलाफ सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि सजा ऐसी हो कि मिसाल बन जाए। इस निर्देश के बाद प्रशासनिक अमले ने आरोपी प्रवेश के घर पर बुलडोजर चढ़ा दिया।
अब प्रवेश के कर्मों की सजा पाकर दुखी होने की बात उसका परिवार कर रहा है। बुधवार को जब प्रवेश के घर पर बुलडोजर चल रहा था तब उसकी चाची और मां बेहोश होकर गिर गई थीं, वहीं बच्चों के साथ गैस सिलेंडर लेकर घर के बाहर बैठी आरोपी की पत्नी का कहना है की उन्हें बेघर कर दिया गया है। उनके पास खाने को कुछ नही है। कोई ठिकाना नहीं है। बच्चे दो दिन से भूंखे हैं और छोटे-छोटे बिस्किट और पैकेट वाले सामान खाकर काम चला रहे हैं।
आरोपी प्रवेश की पत्नी का कहना है कि हमारी कोई मदद भी नहीं कर रहा है। परिवार वालों का आरोप है की गलती पति ने की है और सजा पूरे परिवार को मिल रही है। हमारे साथ बहुत अन्याय हुआ है। आरोपी की पत्नी का ये भी कहना है कि वो घर, जिस पर बुलडोजर चला है वो भी उसके पति के नाम नहीं, बल्कि दादी के नाम पर है फिर भी उसे गिरा दिया गया।