अनुगुल। नाबालिगों से दुष्कर्म के आरोप में ओडिशा के दो पुलिस कर्मियों को गिरफ्तार किया गया है। उनकी पहचान जामदा पुलिस स्टेशन के एएसआई आनंद माझी और होम गार्ड देबानंद पात्रा के रूप में हुई है। दोनों पर पोस्को अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। मंगलवार को उन्हें अदालत में पेश किया गया। अदालत के फैसले के बाद आगे इन पर कार्रवाई की जाएगी।
थाना प्रभारी मिनती नायक ने कहा कि एएसआई ने अपनी पत्नी की मृत्यु के बाद अपने तीन बच्चों की देखभाल के लिए एक नाबालिग लड़की को नियुक्त किया था। नाबालिग लड़की की चाची ने हाल ही में जामदा पुलिस स्टेशन में एक शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि उसने लड़की से शादी करने का वादा करके उसके साथ यौन संबंध बनाए थे। पुलिस ने पीड़िता का बयान दर्ज करने के बाद एएसआई को गिरफ्तार कर लिया। आरोपित की पहचान जामदा पुलिस स्टेशन के एएसआई आनंद माझी के रूप में की गई है।
दूसरी घटना में पड़ोसी राज्य झारखंड के लगदा पुलिस सीमा से लगे मझिया गांव की एक 14 वर्षीय लड़की ने 14 अक्टूबर, 2023 को जामदा पुलिस स्टेशन में होम गार्ड देबानन्द पात्रा के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में पीड़िता ने कहा कि उसकी मां को बुखार था, जो कम नहीं हो रहा था। 11 अक्टूबर को उसके चाचा किसी तरह पात्रा के संपर्क में आए। बीमार मां के बारे में पता चलने पर पात्रा ने चाचा को आश्वासन दिया कि वह अपनी जादुई शक्तियों से बीमारी को ठीक कर देगा, लेकिन पुलिस वाले ने यह शर्त रख दी कि महिला को ठीक करने के लिए एक नाबालिग लड़की को अनुष्ठान करना होगा। उसके कहे अनुसार 14 अक्टूबर को पीड़िता और उसके चाचा होम गार्ड के पास गए, जिसने अनुष्ठान करने के बाद एक घर में नाबालिग के साथ कथित तौर पर बलात्कार किया और मामले को उजागर करने पर जान से मारने की धमकी दी। दो दिन बाद पीड़िता अपने चाचा के साथ आई और थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के बाद पुलिस ने पात्रा के खिलाफ पोस्को अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपित पुलिस कर्मियों को मंगलवार को अदालत में पेश किया गया।